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15 LPA इन-हैंड सैलरी FY 2026-27: हर महीने कितने मिलेंगे?
15 लाख CTC पर इन-हैंड सैलरी लगभग ₹1,05,611 प्रति माह (नई टैक्स व्यवस्था)। PF, प्रोफेशनल टैक्स और इनकम टैक्स का पूरा हिसाब, नई बनाम पुरानी व्यवस्था।
नई व्यवस्था
हर महीने हाथ में
₹1,05,611
₹12.67 लाख सालाना · इनकम टैक्स (सेस सहित): ₹86,268
पुरानी व्यवस्था
हर महीने हाथ में
₹95,156
₹11.42 लाख सालाना · इनकम टैक्स (सेस सहित): ₹2,11,723
₹15 लाख
आमतौर पर CTC का 40–50%; ऑफर लेटर देखें।
ज़्यादातर राज्यों में ₹2,400–2,500; कुछ में ₹0 (जैसे दिल्ली, UP)।
पुरानी व्यवस्था की छूट (वैकल्पिक)
सैलरी का हिसाब · नई व्यवस्था
| मद | मासिक | सालाना |
|---|---|---|
| CTC | ₹1,25,000 | ₹15,00,000 |
| कंपनी का PF (CTC में) | −₹6,000 | −₹72,000 |
| ग्रॉस सैलरी | ₹1,19,000 | ₹14,28,000 |
| आपका PF योगदान | −₹6,000 | −₹72,000 |
| प्रोफेशनल टैक्स | −₹200 | −₹2,400 |
| इनकम टैक्स (सेस सहित) | −₹7,189 | −₹86,268 |
| हाथ में सैलरी | ₹1,05,611 | ₹12,67,332 |
FY 2026-27 के इनकम टैक्स नियमों पर आधारित, 60 साल से कम उम्र के वेतनभोगी के लिए। यह अनुमान है; असली इन-हैंड आपकी सैलरी स्ट्रक्चर पर निर्भर करता है। टैक्स नियम आख़िरी बार जाँचे गए: अक्टूबर 2026।
15 LPA पर इन-हैंड सैलरी: पूरा हिसाब
मान लेते हैं बेसिक CTC का 40%, PF 12% और प्रोफेशनल टैक्स ₹2,400 सालाना। नई टैक्स व्यवस्था में आपकी इन-हैंड सैलरी लगभग ₹1,05,611 प्रति माह होगी, और पुरानी व्यवस्था में (बिना अतिरिक्त छूट) ₹95,156।
| ग्रॉस सैलरी | ₹14,28,000 / साल |
| आपका PF | ₹72,000 / साल |
| प्रोफेशनल टैक्स | ₹2,400 / साल |
| इनकम टैक्स | ₹86,268 / साल |
| इन-हैंड (मासिक) | ₹1,05,611 |
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
CTC और इन-हैंड सैलरी में क्या फर्क है?+
CTC कंपनी का कुल खर्च है, जिसमें कंपनी का PF और कभी-कभी ग्रेच्युटी शामिल होती है। इन-हैंड सैलरी वह है जो आपका PF, प्रोफेशनल टैक्स और इनकम टैक्स कटने के बाद बैंक में आती है।
क्या FY 2026-27 में ₹12 लाख तक की आय टैक्स-फ्री है?+
नई व्यवस्था में धारा 87A की छूट से ₹12 लाख तक की टैक्सेबल आय पर टैक्स शून्य है। ₹75,000 स्टैंडर्ड डिडक्शन के साथ ₹12.75 लाख तक की सैलरी पर टैक्स नहीं लगता।
नई या पुरानी टैक्स व्यवस्था: कौन बेहतर है?+
ज़्यादातर लोगों के लिए नई व्यवस्था बेहतर है। पुरानी व्यवस्था तभी फायदेमंद है जब आप HRA, 80C, होम लोन ब्याज और NPS जैसी बड़ी छूट लेते हैं। कैलकुलेटर दोनों की तुलना करता है।